पांथेड़ी प्रकरण में एसपी और कलक्टर की समझाइश के बाद मामला शांत
सायला. पांथेड़ी में युवती की संदिग्ध मौत के प्रकरण में सामूहिक बलात्कार का आरोप लगाते हुए नामजद आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर शनिवार को दिनभर चली गहमागहमी के बाद आखिर शाम को कलक्टर हिमांशु गुप्ता और एसपी श्यामसिंह के हस्तक्षेप के बाद शांत हो गया। मामले में उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया गया है।
लेकिन अभी भी अहम सवाल यह है कि युवती की हत्या किसने की और क्या परिजन जो आरोप लगा रहे हैं वे सही है। इस पूरे प्रकरण में सांसद देवजी पटेल, भूपेंद्र देवासी ने भी मौका स्थल पर लोगों से समझाइश का प्रयास किया और लोगों से रूबरू हुआ। मामले में अब पुलिस किसी तरह कार्रवाई को आगे बढ़ाती है। इस पर सभी की नजर है।
यों चलता रहा घटनाक्रम
शुक्रवार को युवती का शव पेड़ पर लटकता हुआ मिलने के बाद परिजनों ने सामूहिक बलात्कार और हत्या की रिपोर्ट पेश की थी। शनिवार को परिजनों और समाज के लोग सायला में एकत्र हो गया और यहां उग्र प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। इस प्रकरण में परिजनों ने मामले में आरोपियों को मौके पर ही फांसी की सजा देने की मांग की। दूसरी तरफ अधिकारियों और पुलिस के अधिकारियों ने जांच करने के साथ उचित कार्रवाई का भरोसा दिलवाया। शाम को आखिरकार जिला प्रशासन ने प्रकरण में उचित कार्रवाई का आश्वासन के बाद मामला शांत हुआ।
यह था प्रकरण
संगीता (21) पुत्री रतनाराम देवासी गुरुवार सवेरे घर से निकली थी। जिसके बाद वह नहीं लौटी। इस दौरान शुक्रवार को पेड़ पर एक युवती के फंदे पर झूलने की जानकारी मिली। परिजनों ने रिपोर्ट में सामूहिक बलात्कार के बाद शव को फंदे पर लटकाने का आरोप लगाया था। चचेरे भाई ने रिपोर्ट पेश की इस संबंध में अरदिंगा राम पुत्र अजाराम देवासी निवासी पाथेड़ी ने रिपोर्ट पेशकर बताया कि उसकी चचेरी बहन संगीता मजदूरी का कार्य करती थी। गांव के ही रतनाराम पुत्र हटाराम मेघवाल संगीता का पीछा कर मोबाईल पर जबरदस्ती बातें भी करता था। रिपोर्ट में रतनाराम समेत जितेंद्र कुमार पुत्र कदाराम राम मेघवाल, जेनता राम पुत्र मोंगा राम मेघवाल, भीखाराम पुत्र चतरा राम मेघवाल व इंद्रसिंह पुत्र जयसिंह पर शक जाहिर करते हुए हत्या की आशंका जताई गई।
एफएसएल

टीम मौके पर पहुंची
इस घटनाक्रम में बिगड़ते हालातों के बीच एफएसएल टीम पांथेड़ी पहुंची। टीम ने मौका स्थल से जानकारी जुटाई। लेकिन इस मामले में भी खास बात यही रही कि टीम दूसरे दिन मौके पर पहुंची।





Comments are closed.